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Chunauti Himalay Ki Class 5 Notes CBSE Hindi Chapter 18 (Free PDF Download)

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Last updated date: 16th Jul 2024
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Access Chunauti Himalay Ki Revision Notes for a Thorough Exam Preparation

Students of Class 5 learning Hindi Chapter 18 will find Chunauti Himalay Ki interesting to learn and prepare for the exam. The chapter talks about India's former prime minister's tough Himalaya trip, Jawaharlal Nehru. It explains how he was unprepared for this tough trek because he lacked the items required for the trek to the highest mountain range. The chapter presents the idea about the mountain and its importance.


Refer to the Vedantu expert-developed Chunauti Himalay Ki revision notes to grasp these ideas and social concepts. All of the sections in this chapter have been simplified to make it easier to understand the context and answer questions.


Class 5 Hindi Revision Notes - Chapter-wise List

Chapter-wise Class 5th revision notes curated by the experts through the pdf links below.

Access Class 5 Hindi Chapter 18 – चुनौती हिमालय की Notes

कहानी का सारांशः

  • प्रस्तुत कहानी में लेखिका ने कश्मीर की ऊँची, ख़ूबसूरत वादियों और हिमालय की चोटी तक का बेहतरीन सफ़र का वर्णन किया है ।

  • कहानी के अनुसार जवाहरलाल मातायन तक पहुँचे ही थे । वहाँ एक नवयुवक कुली ने उन्हें बताया कि उस पहाड़ के पीछे अमरनाथ की गुफा है । तभी किशन ने उस कठिन रास्ते से जवाहरलाल और उनके भाई को जाने से आगाह किया |

  • वह आठ मील दूर थी । जवाहरलाल अपने चचेरे भाई के साथ कश्मीर घूमने निकले थे ।

  • वे दोनो जोज़ीला पास से होकर लद्दाखी इलाके की ओर चले आए थे |दोनो सफर की मुश्किल के बारे में सुनकर और भी ज्यादा उत्सुक हो गए | उनके साथ कुली, किशन और उसकी बेटी भी उसके साथ जाने को तैयार हो गई थी।

  • अगले दिन सुबह जवाहरलाल तैयार होकर बाहर आ गए । वहाँ दूर-दूर तक कोई वनस्पति नहीं थी और सर्द हवाएँ चल रही थी । जवाहरलाल ने हथेलियाँ आपस में रगड़ी और कमर में रस्सी लपेटकर चलने को तैयार हो गए । गाइड के रूप में किशन उनके साथ था |

  • जवाहरलाल ने पहाड़ी रास्तों पर चलना शुरू कर दिया था । रास्ता सुनसान था और चारों तरफ़ पथरीली चट्टानें और सफेद बर्फ दिख रही थी | 

  • ऊपर चढ़ने के साथ-साथ सभी को साँस लेने में दिक्कत होने लगी थी | कुली के नाक खून बह रहा था | उसे ऐसा देखकर जवाहरलाल ने उसका उपचार कर दिया । 

  • कुछ देर आगे चलने के बाद बर्फ गिरने लगी| सभी बहुत थक गए थे |

  • सुबह के चार बजे से चढ़ाई करते-करते दिन के बारह बजे तक उन्होंने लगभग सोलह हज़ार फ़ीट की ऊँचाई पूरी कर ली थी लेकिन अभी भी अमरनाथ की गुफा का कुछ पता नहीं चल पा रहा था | 

  • परेशानियाँ बढ़ता देखकर कुली ने उन्हें वापस कैंप में चलने की सलाह दी | किन्तु, जवाहरलाल नहीं रुके | 

  •  आगे उन्हें गहरी खाइयाँ, बर्फ से ढंके गड्ढे और फिसलन मिली। जिसमे उनका पैर धँस रहा था | जवाहरलाल को यह चुनौतीपूर्ण काम करने मे मजा आ रहा था ।

  • तभी अचानक एक बड़ी खाई मे जवाहरलाल लड़खड़ाकर गिर गए | रस्सी के सहारे ही वह वहाँ लटके और उन्होंने रस्सी  को कसकर पकड़ लिया। 

  • जवाहरलाल ने खाई की दीवार से उभरी चट्टान को मजबूती से पकड़ लिया और पथरीले धरातल पर पैर जमा लिए | इसके बाद सभी की कोशिश से वे ऊपर पहुँच गए | 

  • आगे की खाइयाँ गहरी और चौड़ी थी इसलिए जवाहरलाल को अमरनाथ तक का सफर अधूरा छोड़कर वापस लौटना पड़ा ।


नैतिक शिक्षा:

इस कहानी से हमें यह शिक्षा मिलती है कि हमें कठिनाइयों को देखकर घबराना नहीं चाहिए बल्कि उनका डटकर सामना करना चाहिए l


शब्द - अर्थ:

शब्द

अर्थ

वाक्य में प्रयोग

दृष्टि

  नजर

राम की दृष्टि बहुत तेज है |

दूभर

कठिन

पहाड़ों पर चलना दूभर होता है ।

वीरान

  सुनसान

  सड़के बहुत वीरान लग रही थी | 

स्फूर्ति

  तेजी

मोहन स्फूर्ति से तैयार हो गया |

उपचार

  इलाज 

घायल कुली का उपचार किया गया ।

हिम

बर्फ

पहाड़ पूरा हिम से ढका हुआ है ।

दुर्गम

कठिन

यह किला दुर्गम स्थान पर स्थित है ।

हिदायत

चेतावनी

कुली ने जवाहरलाल को नहीं जाने की हिदायत दी l

तादाद

संख्या

पहाड़ पर गड्ढों की तादाद अधिक है l


प्रश्न - उत्तर:

प्रश्न 1. जवाहरलाल कहां पहुंचे थे ?

(क) मातायन

(ख) जतायन

(ग) सातायन

उत्तर: मातायन


प्रश्न 2.   अमरनाथ की गुफा कितनी दूर थी ?

(क) 2 मील

(ख)  6 मील

(ग) 8 मील

उत्तर: 8 मील


प्रश्न 3. पहाड़ी रास्ते पर चलते चलते सभी को किस किस चीज का सामना करना पड़ा ?

उत्तर: पहाड़ी रास्ता बर्फ से ढका हुआ था l जिसमें चलना बहुत कठिन हो रहा था l ऊपर चलते चलते सभी को सांस लेने में दिक्कतें आ रही थी l रास्ते में गहरी खाईयाँ और बर्फ से ढके हुए गड्ढे भी थे l


अभ्यास प्रश्न:

प्रश्न 1. मिलान करो l

उपचार

बर्फ

हिम

इलाज

हिदायत

संख्या

तादाद

चेतावनी


उत्तर:  उचित मिलान-

उपचार

इलाज

हिम

बर्फ

हिदायत

चेतावनी

तादाद

संख्या


प्रश्न 2. जवाहरलाल को अमरनाथ का सफर अधूरा छोड़कर वापस क्यों लौटना पड़ा ?

उत्तर: पहाड़ी रास्ते में आगे आगे की खाइयाँ गहरी और चौड़ी थी और उनके पास उचित सामान भी नहीं था l इसलिए जवाहरलाल को अमरनाथ तक का सफर अधूरा छोड़कर वापस लौटना पड़ा ।


प्रश्न 3. जवाहरलाल, किशन और कुली सभी रस्सी से क्यों बँधे थे?

उत्तर: जवाहरलाल, किशन और कुली सभी रस्सी से इसलिए बँधे थे ताकि बर्फ पर किसी का पैर ना फिसले और पहाड़ से गिर जाने पर रस्सी के सहारे लटककर वे अपनी जान बचा सकें। 


प्रश्न 4. इस कहानी से आपको क्या सीखने को मिला ?

उत्तर: इस कहानी से हमें यह शिक्षा मिलती है कि हमें कठिनाइयों को देखकर घबराना नहीं चाहिए बल्कि उनका डटकर सामना करना चाहिए l


प्रश्न 5. बर्फ से ढके चट्टानी पहाड़ों के उदास होने का क्या अर्थ है ?

उत्तर: चट्टानी पहाड़ बर्फ से ढका हुआ था l जिससे वहां की हरियाली छुप गई थी । इसीलिए ऐसा कहा गया है l

Importance of NCERT Class 5 Hindi Chapter 18 Chunauti Himalay Ki

Chapter 18 Chunauti Himalay Ki talks about the challenging trek of the Himalaya Mountain, the most difficult one. Although he wasn't ready with equipment, the former prime minister of India, Jawaharlal Nehru and others took up this challenging trek. He, along with Kishan and Kuli, had to drop the journey to Amarnath since it was quite dangerous to continue.


The chapter further discusses about the high mountain ranges of Himachal Pradesh and how dangerous they look as they get closer. During the night period, the mountain looks more dangerous and it is difficult to trek around. Many people trek on these high mountain ranges; some trek for fun and some for adventure purposes. Not everyone can do this, and Nehru wasn't accustomed to getting into this trekking zone. Using Vedantu's revision notes, students can also learn Himalaya Ka Kya Arth Hai. Finding the objectives of each unit in the NCERT Hindi Class 5 Chapter 18 will make studying easy. As a result, refer to the experts' revision notes to gain an idea.


Benefits of Using Class 5 Hindi Chapter 18 Summary

  • In the notes, all sections have been described more straightforwardly. These sections will be considerably easier to read and comprehend. Before a test, refer to your notes to quickly recollect what you've learned.

  • Students can easily prepare each part and answer the exercise questions using the Class 5 Hindi Chapter 18 summary. You will prepare this chapter more efficiently if you understand the purpose of each segment. 

  • To determine your level of preparation, complete the worksheets.

  • Using the worksheet, make sure you've answered all of the questions correctly and learn how to frame the best answers from the available options.


Download Himalaya Information in Hindi Available in the PDF Format

Complete your study material with the free PDF version of Class 5 Chunauti Himalay Ki chapter. To improve your understanding skills, follow the notes shaped as per CBSE Hindi standards. Practice with the worksheets and get Himalaya information in Hindi. Recall what you've learned, and you'll do well in your exams.

FAQs on Chunauti Himalay Ki Class 5 Notes CBSE Hindi Chapter 18 (Free PDF Download)

1. Is trekking in the Himalaya mountain very tough?

Yes, the overall trekking in the Himalaya mountain is quite tough due to its hard terrain, which usually gets covered with snow during the harsh winter season. One has to be well-prepared physically and mentally.

2. Does the Himalayan Mountain according to the chapter look pretty dangerous during the night period?

Yes, as per the chapter, the Himalayan Mountain during the night period looks dangerous due to its snow-covered terrain and is very difficult to trek.

3. Was the decision of Jawaharlal Nehru right regarding the expedition to Himalaya?

No, the decision of Jawaharlal Nehru wasn't right regarding the expedition to Himalaya because he wasn't well prepared for such a tough expedition in the Himalayan Mountain.