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NCERT Solutions for Class 10 Hindi Chapter 3 - Sana Sana Hath Jodi

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Last updated date: 25th Jul 2024
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NCERT Solutions for Class 10 Hindi Kritika Chapter 3 - Sana Sana Hath Jodi PDF Download

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Class:

NCERT Solutions for Class 10

Subject:

Class 10 Hindi

Subject Part:

Hindi Part 1 - Kritika

Chapter Name:

Chapter 3 - Sana Sana Hath Jodi

Content-Type:

Text, Videos, Images and PDF Format

Academic Year:

2024-25

Medium:

English and Hindi

Available Materials:

  • Chapter Wise

  • Exercise Wise

Other Materials

  • Important Questions

  • Revision Notes

Access NCERT Solutions for Hindi Kritika Class-10 कृतिका- Chapter-3 साना साना हाथ जोड़ि

1. झिलमिलाते सितारों की रोशनी में नहाया गंतोक लेखिका को किस तरह सम्मोहित कर रहा था?

उत्तर: झिलमिलाते तारों की प्रकाश में समाहित गंतोक शहर लेखिका के मन में एक सम्मोहन जगा रहा था। इस शहर का सभी कुछ अत्यंत सुंदर था। इस सुंदरता ने लेखिका पर ऐसा जादू कर दिया था कि उसे सब कुछ स्थगित और अर्थहीन लग रहा था। लेखिका को अपने भीतर-बाहर एक शून्य-सा व्याप्त होता दिख रहा था।


2. गंतोक को ‘मेहनकश बादशाहों का शहर’ क्यों कहा गया?

उत्तर: गंतोक को 'मेहनतकश बादशाहों का शहर' इसलिए कहा क्योंकि यह पर रहने वाला हर व्यक्ति चाहें वह बच्चा हो या बूढ़ा हो हर कोई कड़ी मेहनत करके कमाता हैं। गंतोक एक ऐसा पर्वतीय स्थल है जिसे वहाँ के मेहनतकश लोगों ने अपनी मेहनत से सुरम्य बना दिया है। यहाँ पत्थरों को काटकर लोग रास्ते बनाते हैं, बच्चे सुबह-सुबह पहाड़ों को पार करके स्कूल जाते हैं फिर घर आने के बाद घर के कामों में हाथ बटाते हैं। यहां के लोगों का जीवन इतना कठिन होने के बाबजूद भी शहर को खूबसूरत बना रखा हैं।


3. कभी श्वेत तो कभी रंगीन पताकाओं का फहराना किन अलग-अलग अवसरों की ओर संकेत करता है?

उत्तर: श्वेत पताकाएं किसी बुद्धिस्ट के निधन पर फहरायी जाती हैं। ये मंत्र लिखी 108 पताकाएं फहरायी जाती हैं और इन्हें उतारा नहीं जाता। ये अपने आप नष्ट हो जाती हैं।

रंगीन पताकाएं किसी विशेष अवसर या शुभ कार्य पर फहरायी जाती हैं।


4. जितेन नार्गे ने लेखिका को सिक्किम की प्रकृति, वहाँ की भौगोलिक स्थिति एवं जनजीवन के बारे में क्या महत्त्वपूर्ण जानकारियाँ दीं, लिखिए।

उत्तर: जीतेन नार्गे ने लेखिका को सिक्किम के विषय में निम्नलिखित जानकारियां दी -

1) गंतोक एक पहाड़ी इलाका हैं।

2) यहाँ के लोग बहुत मेहनती हैं।

3) गंतोक से यूमथांग तक तरह-तरह के फूल खिले हैं तथा फूलों से भरी हुई वादियाँ भी हैं।

4) श्वेत पताकाएँ जब यहाँ किसी बुद्ध के अनुयायी की मृत्यु होती है तो फहरायी जाती हैं। ये 108 होती हैं।

5) रंगीन पताकाएँ नए कार्य के आरंभ होने पर फहरायी जाती हैं।

6) यहाँ के एक स्थान पर ‘गाइड’ फिल्म की शूटिंग भी हुई थी जिसका नाम है "कवी-लोंग-स्टॉक"।

7) यहाँ एक धर्मचक्र भी है। इसको घुमाने से सारे पाप दूर हो जाते हैं।

8) यह जगह पहाड़ी इलाका है। यहाँ चिकने-चर्बीले लोग नहीं मिलते है।

9) ‘कटाओ' क्षेत्र को भारत का स्विट्जरलैंड भी कहते है।

10) यूमथांग की घाटियां पंद्रह दिनों में ही फूलों से एकदम भर जाती है। 


5. लोंग स्टॉक में घूमते हुए चक्र को देखकर लेखिका को पूरे भारत की आत्मा एक-सी क्यों दिखाई दी?

उत्तर: लोंग स्टॉक में घूमते हुए चक्र को देखकर लेखिका ने उसके बारे में पूछा तो जितेन नार्गे ने बताया कि यह 'धर्म-चक्र' है। इसे घुमाने पर सारे पाप धुल जाते हैं। जितेन की यह बात सुनकर लेखिका ने मन में सोचा कि पूरे भारत की आत्मा एक ही है क्योंकि मैदानी क्षेत्रों में गंगा के विषय में भी ऐसी ही धारणा लोगों के मन में रहती है। इतनी ज्यादा तकनीकी आधुनिकता आ जाने के बावजूद भी समाज के लोगों की आस्थाएँ, विश्वास, मान्यताएं और पाप-पुण्य की अवधारणाएँ एक समान हैं।


6. जितने नार्गे की गाइड की भूमिका के बारे में विचार करते हुए लिखिए कि एक कुशल गाइड में क्या गुण होते हैं?

उत्तर: जितेन नार्गे लेखिका का ड्राइवर कम गाइड था। वह नेपाल से कुछ दिन पहले आया था जिसे नेपाल और सिक्किम की अच्छी जानकारी थी। वह क्षेत्र-से सुपरिचित था। उसमें प्रायः गाइड होने के वे सभी गुण थे जो एक कुशल गाइड में होते हैं।

एक कुशल गाइड के निम्नलिखित गुण होते हैं -

1) एक कुशल गाईड को अपने स्थान की पूर्ण जानकारी होनी चाहिए जैसे वहाँ की भौगोलिक, आर्थिक, मौसम तथा वहाँ के लोगों के जीवन की भी वह नार्गे में सम्यक रूप से थी।

2) वह गाइड होने के साथ-साथ वह ड्राइवर भी था।  उसे कब कहाँ जाना है इसके लिए उसे कुछ सलाह लेने की आवश्यकता नहीं होती है।

3) गाइड में सैलानियों को प्रभावित करने की रोचक शैली होनी चाहिए जो उसमें थी। वह अपनी मज़ेदार बातों से लेखिका को प्रभावित करता था; जैसे-“मैडम, यह धर्म चक्र है-प्रेअर व्हील, इसको गोल-गोल घुमाने से व्यक्ति के जीवन के समस्त पाप नष्ट हो जाते हैं।”

4) एक कुशल गाइड को उस क्षेत्र के जन-जीवन की गतिविधियों की भी जानकारी होनी चाहिए और उसे संवेदनशील भी होना चाहिए।

5) वह पर्यटकों के साथ घूमते हुए इतना घुल-मिल जाता है कि वह स्वयं ही पर्यटकों का मनोरंजन करने लगता है तथा पर्यटक भी उसका साथ देते हैं। इस तरह वह आपस में अच्छे संबंध बना लेता है।

6) कुशल गाईड बातूनी होता है। वह अपनी बातों से पर्यटन स्थलों के प्रति जिज्ञासा बनाए रखता है। पताकाओं के बारे में महत्त्वपूर्ण जानकारी देकर नार्गे उस स्थान के महत्व को बढ़ा देता है।


7. इस यात्रा-वृत्तांत में लेखिका ने हिमालय के जिन-जिन रूपों का चित्र खींचा है, उन्हें अपने शब्दों में लिखिए।

उत्तर: इस यात्रा में लेखिका ने हिमालय के पल-पल परिवर्तित होते रूपों को देखा हैं। जैसे ही ऊँचाई पर चढ़ते जाते हैं हिमालय विशाल से विशालतर होता चला जाता है। छोटी-छोटी पहाड़ियाँ बड़े-बड़े पर्वतों में बदलने लगती हैं। घाटियाँ गहरी होते हुए पाताल नापने लगती हैं। वादियाँ चौड़ी होने लगती हैं, जिनके बीच रंग-बिरंगे फूल मुसकराते हुए नज़र आते हैं। चारों दिशाओं में प्राकृतिक सुषमा फैली  नज़र आती है। जल-प्रपात जलधारा बनकर पत्थरों के बीच बलखाती-सी निकलती है तो मन को मोह लेती है। हिमालय कहीं हरियाली के कारण चटक हरे रंग जैसा दिखता है, कहीं पीला नज़र आता है। कहीं पर खरदूरी दीवार की तरह पथरीला नजर आता है। कभी-कभी तो बादलों में समाहित,सब कुछ बादलमय दिखाई देता है तो कभी कुछ और। कटाओ से आगे बढ़ने पर पूरी तरह बर्फ से लबा-लब पहाड़ दिख रहे थे। चारों तरफ दूध की धार की तरह दिखने वाले झरने थे तथा वहीं झरने के नीचे चाँदी की तरह चमक मारती तिस्ता नदी भी बह रही थी। जिसने लेखिका के मन को प्रफुल्लित कर दिया।


8. प्रकृति के उस अनंत और विराट स्वरूप को देखकर लेखिका को कैसी अनुभूति होती है?

उत्तर: लेखिका ने जब प्रकृति के मनोरम सौंदर्य को देखा तो वह एकदम शांत हो गयी जैसे किसी ऋषि की तरह हो गयी हो। वह सारे सुंदर दृश्यों को अपने भीतर समाहित करना चाहती थी। वह रोमांचित थी, पुलकित थी। लेखिका को आदिम युग की अभिशप्त राजकुमारी-सी नीचे बिखरे भारी-भरकम पत्थरों पर झरने के संगीत के साथ आत्मा का संगीत सुनने जैसा आभास हो रहा था। लेखिका को ऐसा लग रहा था मानो उसके भीतर की सारी तामसिकताएँ और दुष्ट वासनाएँ इस निर्मल धारा में बह गई हों। उसका मन हुआ कि वह अनंत समय बहती रहे तथा लेखिका वहाँ बैठ कर उस झरने की मृदुल आवाज़ सुनती रहे।

प्रकृति के इस मनोरम सौंदर्यपूर्ण दृश्य को देखकर लेखिका को यह अहसास हुआ कि यही सौंदर्य दृश्य जीवन का परम आनंद है।


9.प्राकृतिक सौंदर्य के अलौकिक आनंद में डूबी लेखिका को कौन-कौन से दृश्य झकझोर गए?

उत्तर: प्राकृतिक सौंदर्य के अलौकिक आनंद में डूबी लेखिका को सड़क बनाने के लिए पत्थर तोड़ती, सुंदर कोमल पहाड़ी महिलाएं का दृश्य झकझोर गया। लेखिका ने देखा कि उस अद्वितीय सौंदर्य से अलग कुछ पहाडी महिलाएं पत्थरों पर बैठी पत्थर तोड़ रही थीं। उनके हाथों में कुदाल व हथौड़े थे और कइयों की पीठ पर बंधे डोको (बड़ी टोकरी) में उनके बच्चे भी साथ थे। यह विचार लेखिका के मन को बार-बार झकझोर करता रहा कि नदी, फूलों, वादियों और झरनों के ऐसे स्वर्गिक मनोरम सौंदर्य के बीच भूख, मौत और जीने की चाह के बीच जंग भी जारी है।


10. सैलानियों को प्रकृति की अलौकिक छटा का अनुभव करवाने में किन-किन लोगों का योगदान होता है, उल्लेख करें।

उत्तर: सैलानियों को प्रकृति की अलौकिक छटा का अनुभव कराने में निम्न लोगों का योगदान, सराहनीय होता है -

1) वे लोग जो व्यवस्था में संलग्न होते हैं।

2) वहाँ के स्थानीय गाइड जो उस क्षेत्र की सर्वथा जानकारी रखते हैं और सैलानोयों को सभी जगह का दौरा कराने ले जाते हैं।

3) वहाँ के स्थानीय लोग जो वहाँ पर भ्रमण करने आये लोगों से बात करते हैं, मदद करते है तथा उन्हें छोटी-छोटी चीजों की जानकारी भी देते हैं।

4) वे सहयोगी यात्री जो यात्रा में मस्ती भरा माहौल बनाए रखते हैं और कभी निराश नहीं होते हैं। उत्साह से भरपूर होते हैं।


11. “कितना कम लेकर ये समाज को कितना अधिक वापस लौटा देती हैं।” इस कथन के आधार पर स्पष्ट करें कि आम जनता की देश की आर्थिक प्रगति में क्या भूमिका है?

उत्तर: किसी देश की आम जनता देश की आर्थिक प्रगति में बहुत अधिक लेकिन अप्रत्यक्ष योगदान देती है। आम जनता के इस वर्ग में मज़दूर, ड्राइवर, बोझ उठाने वाले, फेरीवाले, कृषि कार्यों से जुड़े लोग आते हैं। अपनी यूमथांग की यात्रा में लेखिका ने देखा कि पहाड़ी मजदूर महिलाएं पत्थर तोड़कर पर्यटकों के आवागमन के लिए रास्ते बना रही हैं। इससे यहाँ पर्यटकों की संख्या में वृद्धि होगी जिसका सीधा-सा असर देश की आथिर्क स्थिति पर ओर देश की प्रगति पर पड़ेगा। इसी प्रकार कृषि कार्यों में शामिल मजदूर, किसान फ़सल उगाकर राष्ट्र की प्रगति में अपना बहुमूल्य योगदान देते हैं।


12. आज की पीढ़ी द्वारा प्रकृति के साथ किस तरह का खिलवाड़ किया जा रहा है। इसे रोकने में आपकी क्या भूमिका होनी चाहिए।

उत्तर: आज की पीढ़ी द्वारा प्रकृति के साथ बहुत खिलवाड़ किया जा रहा है। हम लोग आज वनों को काट लर खत्म कर रहे हैं। रास्ता बनाने के लिए पहाडों को काट रहे हैं, वहाँ के पेड़-पौधों को नष्ट कर रहे हैं। फैक्टरियों के गंदे पानी को नदियों में बहा रहे हैं जिससे पीने का जल भी दूषित हो रहा है।

इसे रोकने के लिए हम लोग निम्न उपाय कर सकते हैं -

1) वृक्षों को न ही काटे न ही काटने दे।

2) सब लोग अपने आस-पास वृक्षारोपण करें।

3) पॉलिथीन का प्रयोग कम से कम करें।

4) वाहनों का प्रयोग कम से कम करें।

5) घर के कचरे को यथास्थान डाले।


13. प्रदूषण के कारण स्नोफॉल में कमी का जिक्र किया गया है? प्रदूषण के और कौन-कौन से दुष्परिणाम सामने आए हैं, लिखें।

उत्तर:  लेखिका को उम्मीद थी कि उसे लायुंग में बर्फ देखने को मिल जाएगी, लेकिन एक सिक्कमी व्यक्ति ने बताया कि प्रदूषण की वजह से स्नोफॉल कम हो गया है; अतः उन्हें 500 मीटर ऊपर 'कटाओ' में ही बर्फ देखने को मिल सकेगी। प्रदूषण के कारण पर्यावरण में अनेक परिवर्तन आ रहे हैं। स्नोफॉल की कमी के कारण नदियों में जल की मात्रा कम होती जा रही है। परिणामस्वरूप पीने योग्य जल की कमी सामने आ रही है। प्रदूषण के कारण वायु भी प्रदूषित हो रही है। बड़े नगरों में तो साँस लेने के लिए ताजा हवा का मिलना भी मुश्किल हो रहा है। साँस संबंधी रोगों के साथ-साथ कैंसर तथा उच्च रक्तचाप की बीमारियाँ बढ़ रही हैं। ध्वनि प्रदूषण मानसिक बीमारियां, बहरेपन जैसे कई रोगों का कारण बन रहा है।


14. 'कटाओ' पर किसी भी दुकान का न होना उसके लिए वरदान है। इस कथन के पक्ष में अपनी राय व्यक्त कीजिए?

उत्तर: 'कटाओ' को अपनी स्वच्छता और सुंदरता के लिए ही भारत का "स्विट्जरलैंड" कहा जाता है। यह सुंदरता आज तक इसीलिए बरकरार है क्योंकि यहाँ कोई दुकानव मकान आदि नहीं है। यदि यहाँ पर भी दुकानें खुल जायेंगी, व्यवसायीकरण हो जाए तो इस स्थान की सुंदरता नष्ट होती रहेगी, इसलिए कटाओं में दुकान का न होना उसके लिए वरदान है।

मनुष्य सुंदरता, स्वच्छ्ता को देखकर प्रसन्न होता है तो मनुष्य ही सुंदरता को बिगाड़ता है। अपनी जिम्मेदारी और कर्तव्य का पालन न कर प्रयुक्त चीजों के अवशिष्ट को जहाँ-तहाँ फेंक कर प्रकृति को गंदा करता है। ‘कटाओ’ में दुकान व मकान न होने के कारण वहाँ पर व्यवसायीकरण नहीं हुआ है जिससे वहाँ पर लोगों की  संख्या बहुत ही कम रहती है, जिससे यहाँ की सुंदरता अभी तक बरकरार है।


15. प्रकृति ने जल संचय की व्यवस्था किस प्रकार की है?

उत्तर:  प्रकृति ने जल-संचय की बड़ी अद्भुत व्यवस्था की है। प्रकृति सर्दियों में पर्वत शिखरों पर बर्फ के रूप में गिरकर जल को इकठ्ठा करती है। हिम-मंडित पर्वत-शिखर एक प्रकार के जल-स्तंभ हैं, जो गर्मियों में जलधारा बनकर करोड़ों कंठों की प्यास बुझाते हैं। नदियों के रूप में बहती यह जलधारा अपने किनारे बसे नगर-गाँवों में जल-संसाधन के रूप में तथा नहरों के द्वारा एक विस्तृत क्षेत्र में सिंचाई करती हैं और अंततः सागर में जाकर मिल जाती हैं। सागर से जलवाष्प बादल के रूप में उड़ते हैं, जो मैदानी क्षेत्रों में वर्षा तथा पर्वतीय क्षेत्रों में बर्फ के रूप में बरसते हैं। इसी प्रकार ‘जल-चक्र’ के द्वारा प्रकृति ने जल-संचय तथा वितरण की अनोखी व्यवस्था की है।


16. देश की सीमा पर बैठे फ़ौजी किस तरह की कठिनाइयों से जूझते हैं? उनके प्रति हमारा क्या उत्तरदायित्व होना चाहिए?

उत्तर: देश की सीमा पर,जहाँ का तापमान गर्मियों में भी -15 डिग्री सेलसियस होता है, उस कड़कड़ाती ठंड में हमारे देश के फ़ौजी पहरा देते हैं जब कि हम लोग वहाँ पर एक सेकंड भी नहीं रूक सकते तो हमारे फ़ौजी सर्दी तथा गर्मी में वहीं रहकर देश की रक्षा करते रहते हैं ताकि हम चैन की नींद सो सकें। ये जवान हर पल कठिनाइयों का सामना करते हैं और अपनी जान की परवाह किये बगैर पर वहाँ पर रहते हैं।

हमें सदा उनकी सलामती की दुआ करनी चाहिए। उनके परिवारवालों के साथ हमेशा सहानुभूति, प्यार व सम्मान के साथ पेश आना चाहिए तथा जब भी जरूरत पड़े तो उनकी मदद करनी चाहिए।


NCERT Class 10 Hindi Kritika Chapterwise Solutions


NCERT Class 10 Hindi Other Books Solutions

There are a total of 4 books of Hindi in Class 10 according to the syllabus prescribed by the CBSE. You can click on the below links to find the solutions of the other three books provided by our subject matter experts.


NCERT Solutions for Class 10 Other Subjects 

Vedantu provides solutions for all subjects for Class 10 for students to prepare for their board exams. Click on these links to download the NCERT Solutions for all subjects of Class 10.


Along with this, students can also view additional study materials provided by Vedantu, for Class 10.

Kritika Chapter 3 Class 10: Sana Sana Hath Jodi

Kritika II is an additional reader for students of Hindi Course A in 10th Class. This reader is a compilation of five compositions. All of the compositions are specific in their presentations, craft, and story. At the end of every chapter, prashnabhyaas is given to check the awareness of the students regarding the chapter.

Class 10th Kritika chapter 3 Sana Sana Hath Jodi is a travelogue of Gangtok, which happens to be the capital city of the Indian state Sikkim and the majestic Himalayas that lies ahead of it. Madhu Kankariya, the author, has described the boundless beauty of the Himalayas by giving an amazing poetic description. The author has reflected on how smitten she got witnessing the exotic and infinite beauty of the Himalayas. The specificity of female travel also has been stressed upon in this travelogue.


Why Should You Download Class 10 Kritika Ch 3 NCERT Solutions Free PDF?

Hindi is the second language and in some instances the first language at many C.B.S.E. schools. Excelling at the literature language subject is not just a requirement for the C.B.S.E. students for better grades, but a necessary requisite since Hindi is one of the most widely used languages in the country and some communities abroad.

You must excel in your CBSE Hindi paper, not only for your overall grades but for the sake of learning the correct diction for one of the most used languages in the country. To achieve that students are supposed to practice the exercises from the class 10th Hindi Kritika Chapter 3 for having a better understanding of the whole chapter.


Why Prefer Vedantu for Ch 3 Kritika Class 10?

Vedantu’s NCERT solutions for class 10 Hindi Kritika chapter Sana Sana Hath Jodi guide for CBSE has been developed by Vedantu’s expert-academicians and in-house tutors with years of experience in teaching from all over the country. The familiarity they have with CBSE and its favoured answering patterns gives you much insight into the tricks for securing marks stupendously in Hindi in 10th Class. You should note that attempting to answer the exercises by NCERT in Kritika is a difficult task on its own. Once you read through the NCERT solutions for class 10 Hindi Sana Sana Hath Jodi PDF by Vedantu, the task starts to become less challenging. Vedantu is here to help you unburden and boost your confidence to eventually score high.

FAQs on NCERT Solutions for Class 10 Hindi Chapter 3 - Sana Sana Hath Jodi

1. What are the Other Chapters in Kritika II Other than Class 10 Hindi Sana Sana Hath Jodi?

Kritika II is the supplementary reader for all the 10th Class students of Hindi Course A. It contains a total of five compositions. All five compositions vary from each other but have a specific moral value. The rest four compositions are – Mata Ka Anchal by Shivpujan Sahay, George Panchamkinaak by Kamaleshwar, Ahi thaiyajhulaniheraniHo Ram by Shivprasad Mishra, Main Kyunlikhtahoon by Ajay.

2. How does Class 10 Hindi Ch Sana Sana Hath Jodi NCERT Solutions Help the Students to Secure High Marks?

Class 10 Hindi Ch Sana Sana Hath Jodi NCERT Solutions help the students to frame their answers to the board questions according to the guidelines prescribed by CBSE. Along with the techniques on how to frame your answers to the exercise questions for board exams, the NCERT Solutions from Vedantu also teaches the learners the ways to draft in-depth answers that follow the right tonality. It also teaches the students how to highlight the significant points in the answers to secure maximum marks. The Solutions make the students aware of the question patterns that they could face in the exams.

3. What is Chapter 3 for Hindi Class 10 Kritika About?

Chapter 3 of Class 10 Hindi Kritika II is a composition named Sana Sana Hath Jodi written by Madhu Kankaria is a travelogue on Gangtok, the capital of Sikkim, and the picturesque Himalayas surrounding it. The author talks about how charmed he was by that beauty.

4. Who is the author of Chapter 3 Hindi in Class 10? 

Chapter 3 “Sana Sana Hath Jodi” is written by Madhu Kankaria who travels to Sikkim for an adventure and specifies the beauty of the Himalayan mountains in the form of poetry. She describes her experience during her adventure. She mentions how she was overwhelmed with the beauty of nature. At the same time, she also felt some issues during her journey as she was a solo traveller.

5. How to score good marks in Chapter 3 Class 10 Hindi?

If you want to score good marks in Chapter 3 Kritika Class 10 Hindi then follow these strategies :

  • Read every line of the prose carefully. 

  • Practice the concepts of this chapter through writing them as this can help you to keep all the information in your mind for a long time.  

  • Do sample papers to know the format of questions asked in the board exams. 

  • Try to score full marks in the questions that are asked from this chapter to improve your grades. 

  • Pay attention in the class when your teacher is teaching it. If you have any doubts, ask your teacher.

  • Revise this chapter at your home for a better understanding.

You can refer to the notes available  on the official website of Vedantu or the Vedantu app. All the resources are available free of cost.

6. What is the need to download Chapter 3 Kritika Class 10 NCERT Solutions?

Many students of Class 10 are not able to understand Hindi as they find this subject boring. They must know that Hindi is considered the main language subject in most of the CBSE schools. Moreover, this language is necessary to study because it is used all over the country to communicate with people. Hence, you need to understand every single concept of the subject. To help you with this, there are NCERT Solutions of Chapter 3 Sana Sana Hath Jodi of Class 10 Hindi Kritika book so you can understand this chapter better and score good marks in it.

7. How can Vedantu help you to score good marks in Chapter 3 of  Class 10 in Hindi?

Vedantu is a leading educational portal that helps students in their studies. It provides relevant content for the students of Class 1 to Class 12. Here are some of the reasons that display the advantages of studying Chapter 3 written in Class 10 Hindi book on Vedantu :

  • The platform provides content in an easy format for student adaptability.

  • It has the best study for Class 10 students to prepare Chapter 3 written in the Hindi textbook. 

  • It delivers answers to the textbook questions. These answers are written in simple language so the students can understand them easily.

8. Why should you refer to the NCERT Solutions of Class 10 Hindi for studying Chapter 3?

As a Class 10 student, you are suggested to study NCERT Solutions for Chapter 3 Sana Sana Hath Jodi written in Hindi book Kritika-II. These solutions can help you understand the storyline of the chapter in very simple language. At the same time, these answers will make you understand the concepts crystal clear and this can happen only if you read them two to three times daily. Hence, you should refer to the Class 10 Hindi Chapter 3 NCERT Solutions to master this chapter.