CBSE Important Questions for Class 6 Hindi Vasant Naukar - 2025-26
FAQs on Important Questions For Class 6 Hindi Vasant Chapter 15 Naukar - 2025-26
1. 'नौकर' पाठ के अनुसार, गाँधीजी आश्रम में कौन-कौन से महत्वपूर्ण काम स्वयं करना पसंद करते थे?
'नौकर' पाठ के अनुसार, गाँधीजी आश्रम में कई काम स्वयं करते थे क्योंकि वे किसी भी काम को छोटा नहीं समझते थे। परीक्षा की दृष्टि से यह एक महत्वपूर्ण प्रश्न है। उनके द्वारा किए जाने वाले कुछ प्रमुख काम थे:
रसोईघर में सब्जियों को धोना, छीलना और काटना।
अपने हाथों से चक्की पर आटा पीसना।
आश्रम के भंडार का हिसाब-किताब रखना।
मेहमानों को स्टेशन पर लेने जाना।
शौचालयों की सफाई करना।
यह दर्शाता है कि वे श्रम के सम्मान और आत्मनिर्भरता में विश्वास रखते थे।
2. कॉलेज के छात्र को गेहूँ साफ करने में मदद करने के पीछे गाँधीजी का क्या उद्देश्य था? यह एक अपेक्षित प्रश्न क्यों है?
कॉलेज के छात्र को गेहूँ साफ करने में मदद करने के पीछे गाँधीजी का मुख्य उद्देश्य उसे यह सिखाना था कि कोई भी काम छोटा या बड़ा नहीं होता और हर व्यक्ति को अपना काम स्वयं करना चाहिए। वे उस छात्र को शारीरिक श्रम का महत्व समझाना चाहते थे। यह एक अपेक्षित प्रश्न है क्योंकि यह पाठ के केंद्रीय संदेश, यानी 'काम की महत्ता' और 'अहंकार का त्याग' को उजागर करता है।
3. 'नौकर' पाठ के शीर्षक की सार्थकता क्या है? गाँधीजी की नजर में सच्चा 'नौकर' कौन है?
इस पाठ का शीर्षक 'नौकर' अत्यंत सार्थक है। यह शीर्षक हमें बताता है कि गाँधीजी की नजर में 'नौकर' होना अपमान की बात नहीं, बल्कि सेवा का प्रतीक है। उनके अनुसार, सच्चा 'नौकर' वह है जो पूरी लगन और ईमानदारी से जनता की सेवा करता है। गाँधीजी स्वयं को भारत की जनता का सबसे बड़ा 'नौकर' (सेवक) मानते थे। यह प्रश्न अक्सर मूल्याधारित प्रश्नों के रूप में पूछा जाता है।
4. गाँधीजी के 'काम करने' और 'काम करवाने' संबंधी विचारों से आप क्या सीखते हैं? यह प्रश्न परीक्षा के लिए क्यों महत्वपूर्ण है?
गाँधीजी के विचारों से हम सीखते हैं कि हमें किसी पर हुक्म चलाने के बजाय स्वयं काम करके एक उदाहरण प्रस्तुत करना चाहिए। वे मानते थे कि जिस काम को आप दूसरों से करवाना चाहते हैं, उसे पहले स्वयं करने में कोई संकोच नहीं होना चाहिए। यह प्रश्न इसलिए महत्वपूर्ण है क्योंकि यह नेतृत्व क्षमता और समानता के मूल्यों को सिखाता है, जो छात्रों के चरित्र निर्माण के लिए आवश्यक हैं।
5. कक्षा 6 की हिंदी परीक्षा 2025-26 के लिए 'नौकर' पाठ से 3 और 5 अंकों के प्रश्नों की तैयारी कैसे करें?
CBSE 2025-26 परीक्षा के लिए 'नौकर' पाठ से अच्छे अंक प्राप्त करने की रणनीति इस प्रकार है:
3-अंकीय प्रश्नों के लिए: पाठ की किसी विशिष्ट घटना पर ध्यान केंद्रित करें, जैसे - गाँधीजी के आटा पीसने का प्रसंग, लंदन में शाकाहारी भोजन के लिए उनकी खोज, या आश्रम में आने वाले मेहमानों से उनकी अपेक्षाएँ।
5-अंकीय प्रश्नों के लिए: पाठ के समग्र संदेश और गाँधीजी के चरित्र की विशेषताओं पर ध्यान दें। प्रश्न जैसे - 'नौकर' शीर्षक की सार्थकता, गाँधीजी के श्रम संबंधी विचार, और उनके जीवन से मिलने वाली सीखें, अक्सर अधिक अंकों के लिए पूछे जाते हैं।
6. गाँधीजी के अनुसार, आश्रम में रहने वाले प्रत्येक व्यक्ति को शौचालय की सफाई स्वयं क्यों करनी चाहिए थी?
गाँधीजी के अनुसार, आश्रम में प्रत्येक व्यक्ति को शौचालय की सफाई स्वयं करनी चाहिए थी क्योंकि वे मानते थे कि यह काम समानता और आत्म-अनुशासन का सबसे बड़ा पाठ सिखाता है। वे उस समय समाज में व्याप्त छुआछूत और किसी काम को 'गंदा' समझने की मानसिकता को तोड़ना चाहते थे। उनका मानना था कि अपनी गंदगी साफ करना कोई छोटा या अपमानजनक कार्य नहीं है।
7. 'नौकर' पाठ के आधार पर गाँधीजी के व्यक्तित्व की तीन प्रमुख विशेषताएँ बताइए जो छात्रों को प्रेरित कर सकती हैं।
'नौकर' पाठ के आधार पर गाँधीजी के व्यक्तित्व की तीन प्रमुख प्रेरक विशेषताएँ निम्नलिखित हैं:
श्रम का सम्मान: वे किसी भी काम को छोटा या बड़ा नहीं समझते थे और हर काम को पूरी लगन से करते थे।
आत्मनिर्भरता: वे अपने व्यक्तिगत कार्यों के लिए दूसरों पर निर्भर नहीं रहते थे, चाहे वह चक्की पीसना हो या अपने बर्तन साफ करना।
समानता का भाव: वे आश्रम में किसी के साथ पद या जाति के आधार पर भेदभाव नहीं करते थे और सभी को एक समान मानते थे।
ये विशेषताएँ छात्रों को एक बेहतर और जिम्मेदार नागरिक बनने के लिए प्रेरित करती हैं।




















